Share Market Update: भारतीय शेयर बाजार में आज उतार-चढ़ाव भरा कारोबार देखने को मिला। कमजोर वैश्विक संकेतों और निवेशकों की सतर्कता के बीच बाजार दबाव में नजर आया। प्रमुख इंडेक्स निफ्टी 50 के लिए 25,900 का स्तर अहम माना जा रहा है। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि अगर निफ्टी इस स्तर से नीचे बना रहता है, तो आगे और गिरावट देखने को मिल सकती है।
कारोबार के दौरान निफ्टी ने 26,000 के स्तर को पार करने की कोशिश की, लेकिन वहां टिक नहीं सका। तकनीकी विश्लेषकों के अनुसार, 26,000 का स्तर फिलहाल निफ्टी के लिए मजबूत रेजिस्टेंस के तौर पर काम कर रहा है। इस स्तर के ऊपर मजबूती के साथ बंद होने पर ही बाजार में नई तेजी देखने को मिल सकती है।
कमजोर सेंटीमेंट में बाजार
विदेशी बाजारों से मिले कमजोर संकेतों, विदेशी निवेशकों की सतत बिकवाली और कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव ने घरेलू शेयर बाजार के सेंटीमेंट को प्रभावित किया। मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी दबाव देखने को मिला, जिससे बाजार की चौड़ाई कमजोर रही।
सेक्टोरल प्रदर्शन
आज के कारोबार में आईटी, मेटल और रियल्टी शेयरों में कमजोरी देखने को मिली, जबकि चुनिंदा बैंकिंग और एफएमसीजी शेयरों में सीमित खरीदारी देखी गई। हालांकि, यह तेजी बाजार को संभालने के लिए पर्याप्त नहीं रही।
टेक्निकल आउटलुक
टेक्निकल एक्सपर्ट्स के मुताबिक, निफ्टी के लिए 25,900 का स्तर शॉर्ट-टर्म सपोर्ट है। अगर यह स्तर टूटता है, तो इंडेक्स 25,700–25,650 के स्तर तक फिसल सकता है। वहीं, ऊपर की ओर 26,000 के बाद 26,150–26,200 का स्तर अगला रेजिस्टेंस रहेगा।
निवेशकों के लिए सलाह
विशेषज्ञों का मानना है कि मौजूदा हालात में निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है। जब तक निफ्टी 26,000 के ऊपर स्थायी मजबूती नहीं दिखाता, तब तक बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। शॉर्ट टर्म ट्रेडर्स को स्टॉप लॉस के साथ ट्रेड करने और लॉन्ग टर्म निवेशकों को चुनिंदा मजबूत शेयरों पर ही फोकस करने की सलाह दी जा रही है।